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Friday, May 28, 2021

अपठित गद्यांश

 

गद्यांश -1

हम जिस देश में रहते हैं, उसका नाम भारतवर्ष है | इसे हिंदुस्तान,आर्यावर्त एवं इंडिया के नाम से भी जाना जाता है | हमारे देश का अपना संविधान एवं अपनी सरकार है |  हमारे देश की राजधानी नई दिल्ली है | हमारे देश में 29 राज्य और 7 केंद्रप्रशासित राज्य हैं | हिंदी हमारे देश की राष्ट्रभाषा है|  गंगा, यमुना , गोमती, सरयू, गोदावरी आदि हमारे देश की प्रमुख नदियां  हैं | दिल्ली, कोलकत्ता, चेन्नई और मुंबई हमारे देश के प्रमुख बड़े नगर हैं | हमारे देश के उत्तर में हिमालय पर्वत विद्यमान है | वह रडार की भाँति हमारे देश की रक्षा करता है |देश के दक्षिण  में हिन्द महासागर इसके चरणों को निरंतर धोता है |

प्रश्नोत्तर-

प्रश्न ) हमारे देश का क्या नाम है ?

उत्तर ) हमारे देश का नाम  भारतवर्ष है|

प्रश्न ) भारतवर्ष के अन्य नाम कौन-कौन से हैं ?

उत्तर ) हिंदुस्तान ,आर्यावर्त और इंडिया भारतवर्ष के अन्य नाम हैं |

प्रश्न ) हमारे देश की राजधानी कहाँ है ?

उत्तर ) नई दिल्ली में |

प्रश्न ) हमारे देश में कितने राज्य और केंद्रशासित राज्य हैं ?

उत्तर ) हमारे देश में 29 राज्य और 7 केंद्रशासित राज्य हैं |

प्रश्न ) हमारी राष्ट्रभाषा का क्या नाम है ?

उत्तर ) हमारी राष्ट्रभाषा का  नाम हिन्दी है ?

प्रश्न ) हमारे देश के दक्षिण में क्या है ?

उत्तर ) हमारे देश के दक्षिण में हिंदमहासागर है |

प्रश्न ) इस गद्यांश  का उचित शीर्षक लिखिए |

उत्तर ) हमारा देश भारत

गद्यांश 2

पं जवाहरलाल नेहरू देश के पहले प्रधानमंत्री थे | उनका जन्म उत्तर प्रदेश के इलाहाबाद नगर में हुआ था | उनके पिता का नाम पं मोतीलाल नेहरू तथा माता का नाम स्वरूप रानी था | वे बच्चों से बहुत प्यार करते थे | एक बार वे जापान गए थे | वहाँ के बच्चों ने पहले कभी हाथी नहीं देखा था |  जापान के बच्चों नें नेहरू जी से एक हाथी भेजने को कहा |   नेहरू जी ने भारतीय बच्चों की ओर से एक हाथी जापान देश भेजा | यह हाथी समुद्री मार्ग से जहाज़ के द्वारा जापान देश ले जाया गया था | नेहरू जी का जन्म दिन प्रतिवर्ष 14 नवम्बर को सम्पूर्ण भारत में बाल दिवस के रूप में मनाया जाता है | सभी बच्चे प्यार से उन्हें चाचा नेहरू कहते थे |

प्रश्न ) पं जवाहरलाल नेहरू कौन थे ?

उत्तर ) हमारे देश के पहले प्रधानमंत्री थे |

प्रश्न ) उनका जन्म कहाँ हुआ ?

उत्तर ) उनका जन्म इलाहाबाद नगर में हुआ था |

प्रश्न ) नेहरू जी के माता-पिता कौन थे ?

उत्तर ) उनके पिता का नाम पं मोतीलाल नेहरू तथा माता का नाम स्वरूप रानी था |

प्रश्न ) नेहरू जी ने जापान के बच्चों के लिए क्या भेजा ?

उत्तर ) एक हाथी भेजा |

प्रश्न ) सभी बच्चे प्यार से उन्हें प्यार से क्या  कहते थे ?

उत्तर ) सभी बच्चे प्यार से उन्हें चाचा नेहरू कहते थे |

प्रश्न ) नेहरू जी का जन्म दिन प्रतिवर्ष  किस रूप में मनाया जाता है ?

उत्तर ) नेहरू जी का जन्म दिन प्रतिवर्ष 14 नवम्बर को सम्पूर्ण भारत में बाल दिवस के रूप    में मनाया जाता है |

 

गद्यांश 3

कबीर को हिन्दु और मुसलमान बराबर प्रेम करते थे | उन्होंने हिंदू और मुसलमान दोनों को उनकी कुप्रथाओं के लिए फटकार लगाई थी |एक कथा उनके संबंध में प्रचलित है कि जब कबीर की मुत्यु हुई तो हिंदू और मुसलमान शिष्य उनके शव को लेकर झगड़ने लगे |उनके हिंदू शिष्य उनके शरीर का दाह संस्कार कर्ण चाहते थे |इसके विपरीत मुसलमान शिष्य उनके शव को दफनाना चाहते थे |तभी आकाशवाणी हुई जिसमें कहा गया कि फले शव के ऊपर से चादर हटाओ |चादर हटाने पर सभी आश्चर्यचकित हो गए |कबीर का शव अदृश्य हो गए |उसके स्थान पर केवल कुछ फूल ही रह गए थे | हिंदू और मुसलमानों ने उन फूलों को बराबर बराबर बाँट लिया |हिंदुओ ने फूलों का दाह संस्कार कर दिया जबकि मुसलमानो ने फूलों को जमीन में दफन कर दिया |

प्रश्न ) हिन्दु और मुसलमान किससे बराबर प्रेम करते थे ?

उत्तर ) हिन्दु और मुसलमान कबीर से बराबर प्रेम करते थे|

प्रश्न ) हिंदू शिष्य कबीर के शव का क्या करन चाहते थे?

उत्तर ) हिंदू शिष्य कबीर के शव को आग में जलाना चाहते थे |

प्रश्न ) मुसलमान शिष्य कबीर के शव का क्या करन चाहते थे?

उत्तर ) हिंदू शिष्य कबीर के शव जमीन में दफनाना  चाहते थे |

प्रश्न ) कबीर के शव के स्थान पर क्या बच गया था ?

उत्तर ) कबीर स्थान पर केवल कुछ फूल ही रह गए थे |

प्रश्न ) फूलों का बँटवारा किस प्रकार हुआ ?

उत्तर हिंदू और मुसलमानों ने उन फूलों को बराबर बराबर बाँट लिया |

प्रश्न हिंदू और मुसलमानों ने उन फूलों को क्या किया ?

उत्तर हिंदुओ ने फूलों का दाह संस्कार कर दिया जबकि मुसलमानो ने फूलों को जमीन में दफन कर दिया |

                             गद्यान्श 4                                                  स्वास्थ्य ,सुखी परिवार की सबसे बड़ी पूजी है | जिस परिवार में स्वास्थ्य का सर्वथा अभाव रहता है ,उसे नरक के समान समझना चाहिए |स्वास्थ्यहिन और स्वास्थ्य –परिपूर्ण घर ही वास्तविक में नरक और स्वर्ग कहे जा सकते है | स्वास्थ्य प्राप्ति के लिए जितना भी पर प्रयास लिया जाए वह कम है |स्वास्थ्य के अभाव में लोक और परलोक कहीं भी सुख नहीं मिलता है जिन परिवारों के लोग जीते –जागते चिकित्सालय बने हों | उनमें सुख वास स्थान उदासीनता ,आलस्य ,प्रमाद ,दुख कलह और अनेक प्रकार की बीमारियाँ डेरा डाले रहती हैं |

प्रश्न सुखी परिवार की सबसे बड़ी पूंजी क्या है ?

उत्तर सुखी परिवार की सबसे बड़ी पूंजी स्वास्थ्य हैं |

प्रश्न इस संसार के नरक और स्वर्ग किसे कहा जा सकता है ?

उत्तर स्वास्थ्यहीन और स्वास्थ्य परिपूर्ण घर को इस संसार के स्वर्ग और नरक कहा जा सकता है |

प्रश्न स्वास्थ्य के अभाव मे क्या होता है ?

उत्तर स्वास्थ्य के अभाव मे लोक और परलोक कही भी सुख नहीं मिलता |

प्रश्न स्वास्थ्यहीन घर में किसका वास होता हैं ?

उत्तर स्वास्थ्यहीन घर में उदासीनता ,कहल ,दुख ,आलस्य और बिमोरियों का वास होता है |

प्रश्न इस गदयांश का उचित शीर्षक लिखिए –

उत्तर इस गदयांश का उचित शीर्षक स्वास्थ्य हैं |

गद्यांश-5

संसार मे दो प्रकार के मनुष्य निवास करते हैं | कुछ मनुष्य केवल अपने स्वार्थ के लिए ही सब कुछ करते है |इसके विपरीत संसार के कुछ लोग अपने हित की चिंता न करके दूसरों के लिए जीते हैं | ऐसे पुरुष परोपकारी कहलाते  हैं |जो कार्य अपने स्वार्थ  की भावना से रहित होकर किया जाता है ,उसे परोपकार कहते हैं | परोपकार मनुष्य का सबसे बड़ा धर्म है |इसके अभाव मे मनुष्य पशु के समान होता है | परोपकार से समाज में सभी का लाभ होता है |सभी सुख का अनुभव करते है | परोपकारी व्यक्ति का जीवन दूसरों के लिए आदर्श बन जाता है | इसके समान व्यक्ति का कोई दूसरा धर्म नहीं है |

प्रश्न ) संसार मे कितने  प्रकार के मनुष्य निवास करते हैं ?

उत्तर ) संसार मे दो प्रकार के मनुष्य निवास करते हैं |

प्रश्न ) परोपकारी व्यक्ति कौन होता है ?

उत्तर ) कुछ लोग अपने हित की चिंता न करके दूसरों के लिए जीते है ऐसे मनुष्य परोपकारी कहलाते है |

प्रश्न ) परोपकार से क्या आशय है ?

उत्तर ) जो कार्य अपने स्वार्थ की भावना से रहित होकर किया जाए , उसे परोपकार कहते है |

प्रश्न ) किसके अभाव मे मनुष्य पशु के समान होता है?

उत्तर ) परोपकार के  अभाव मे मनुष्य पशु के समान होता है |

प्रश्न ) किसका जीवन दूसरों के लिए आदर्श है ?

उत्तर ) परोपकारी व्यक्ति का जीवन दूसरों के लिए आदर्श बन जाता है |

प्रश्न ) इस गद्यांश का उचित शीर्षक क्या है ?

उत्तर ) परोपकार |

 

समास

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