Saturday, January 1, 2022

शांतिदूत श्रीकृष्ण

 

पाठ 26 शांतिदूत श्रीकृष्ण

प्रश्न ) ऐसा उपाय करें जिससे आप भाग्यशाली बनें से कृष्ण का क्या आशय था ?

उत्तर ) ऐसा कहकर श्रीकृष्ण, धृतराष्ट्र को यह कहना चाहते थे कि पांडव तो संधि के लिए तैयार हैं| युद्ध रोकना या युद्ध आरंभ करवाना आपके हाथ में हैं | आप अपने पुत्रों को समझाकर युद्ध में कुल के विनाश को रोक सकते है | युद्ध ने होने पर आपके सभी पुत्र और परिवार जीवित रहेंगे |

प्रश्न ) धृतराष्ट्र ने सभा में गांधारी को क्यों बुलाया ?

उत्तर ) धृतराष्ट्र ने सभा में गांधारी को इसलिए बुलाया क्योंकि  माँ को सभा में आया जानकर दुर्योधन सभा में आ जाएगा | माँ की ममता पुत्र पर पिता की अपेक्षा अधिक रहती है और पुत्र भी माँ को  ज्यादा प्यार करता है| एक पुत्र के कारण ही दुर्योधन शायद अपनी माँ का कहना मान ले | गांधारी की समझ बहुत स्पष्ट है तथा वह दूर की सोच सकती है |

प्रश्न ) तुम्हारे विचार से कुंती ने कर्ण से क्या अनुरोध किया और क्यों ?

उत्तर ) कुंती ने कर्ण से दुर्योधन और कौरवों का साथ छोडकर पांडवों की ओर से लड़ने का अनुरोध किया | मेरे विचार से उसने ऐसा इसलिए किया होगा कि कुंती सबसे पहले एक माँ थी| उसकी ममता अपने पुत्रों पर बराबर थी चाहे वह कर्ण हो या अर्जुन या अन्य | कुंती अपने पुत्रों को जीवित देखना चाहती थी और तभी संभव है जब कर्ण पांडव पक्ष से युद्ध करे| अपने सभी पुत्रों की जीवित  रहने की कामना के कारण ही वह कर्ण के पास गई |

 

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