Sunday, January 2, 2022

पांडवों व कौरवों के सेनापति

                                        पाठ 27 पांडवों व कौरवों के सेनापति

प्रश्न ) पांडवों के सेना का नायक किसे बनाया गया और क्यों ?

उत्तर ) युधिष्ठिर ने सेना को सात भागों में बाँटकर प्रत्येक भाग का नायक नियुक्त कर दिया,सेनापति के लिए सेना के वीरों ने अनेक नाम सुझाए, पर अर्जुन की राय युधिष्ठिर को सब प्रकार से ठीक लगी |

प्रश्न ) अर्जुन रथ से कूदकर युधिष्ठिर के पीछे इसलिए भागे होंगे, क्योंकि –

उत्तर ) i) युधिष्ठिर को अकेला ,निहत्था देखकर दुर्योधन कोई कुचाल न चल दे |

     ii)युधिष्ठिर को अचानक क्या हो गया जो इस तरह विपक्षी सेना की ओर भागे जा रहे हैं |

iii)        युधिष्ठिर के इस कृत्य का अनुमान अर्जुन न कर सके होंगे |

प्रश्न ) भीष्म और द्रोण जैसे वीरों ने विपक्ष में रहकर भी युधिष्ठिर को विजय होने का आशीर्वाद

       क्यों दिया होगा ?

उत्तर ) भीष्म और द्रोण जैसे महाबली योद्धा दुर्योधन के पक्ष में विवशता से लड़ रहे थे स्वेच्छा से नहीं | उन्हें पता था कि पांडव सत्य और न्याय के लिए लड़ रहे हैं जबकि दुर्योधन अपने अहंकार तथा स्वार्थ पूर्ति के लिए | यही कारण रहा होगा कि उन्होंने पांडवों को विजय होने का आशीर्वाद दिया |

No comments:

Post a Comment

समास

  समास विनय अपने माता और पिता के साथ देव के मंदिर गया | चार राहों के समूह से गुजरते   हुए   उसने घोड़े पर सवारी करते हुए छ्त्रपति शि...