पाठ 2 तलाश
प्रश्न
: 1 भारत के संबंध में लेखक ने कैसे जाना था ?
उत्तर
– लेखक भारत को समझने की लगातार कोशिश करता रहा था | भारत उसके खून में रचा-बसा था | शुरू-शुरू में वह पश्चिम के विद्वानों द्वारा रचित साहित्य
को पढ़कर भारत को जानने की कोशिश करता था | बाद में उसने भारत
के इतिहास, प्राचीन साहित्य, विदेशी यात्रियों
के यात्रा – विवरणों तथा अपनी यात्राओं के माध्यम से भारत को जाना – समझा था |
प्रश्न:2 लेखक ने आधुनिक सभ्यता का आधार किसे और क्यों कहा है?
उत्तर
-- लेखक ने आधुनिक सभ्यता का आधार भारत के उत्तर –पश्चिम में स्थित सिंधु घाटी में
मोहनजोदड़ों की सभ्यता को कहा है | पाँच-छह हज़ार
वर्ष पूर्व वहाँ अच्छी तरह से विकसित सभ्यता थी | उस प्राचीन
नगर में घरों और गलियों के अवशेष अब भी वहाँ
हैं | इनके स्थायी रूप से टीके रहने का कारण इसका भारतीयपन है |
प्रश्न
:3
हिमालय के संबंध में लेखक के
क्या विचार है ?
उत्तर
– लेखक हिमालय का संबंध पुराने मिथकों व दंतकथाओं से मानता है | वह हिमालय पर घूमता रहा है | कश्मीर से पुराना रिश्ता
होने कारण उसे पहाड़ो से बहुत प्रेम था | उसे हिमालय से निकालने वाली सिंधु, ब्रह्मपुत्र नदियों
ने बहुत आकर्षित किया | वह हिमालय को साहित्यकारों का प्रेरणा
स्रोत मानता है |
प्रश्न
: 4 लेखक को भारत के अतीत की कहानी कहता कौन प्रतीत
होता है ?
उत्तर
– लेखक ने भारत के अनेक पुराने स्मारकों, भग्नावशेषों , प्राचीन मूर्तियों तथा भित्ति चित्रों
को आँखों से देखा था | वह अजंता,एलोरा और
ऐलीफेंटा की गुफाओं को देखने गया | आगरा और दिल्ली की खूबसूरत इमारतों को भी उसने देखा था |उसे लगता था प्रत्येक पत्थर भारत के अतीत की कहानी बता रहा है |
प्रश्न:
5 लेखक के मन में अतीत के कैसे चित्र उभरते थे ?
उत्तर
– लेखक को लगता था कि उसके पूर्वजों कि भूमि
में ऐसे जीते-जागते लोग रहे थे जो हँसते-रोते, प्यार करते, जिंदगी को जानने व समझने वाले थे | सारनाथ जाने पर उसे लगा जैसे बुद्ध के ढाई हज़ार वर्ष पूर्व दिए गए उपदेश उसके
कानों में गूँज रहे है | अशोक के शिलालेख , अकबर का फतेहपुर सीकरी में जिज्ञासु
भाव उसके सम्मुख सजीव हो उठते थे |
प्रश्न
: 6 लेखक ने भारत कि शक्ति किसे माना और उस शक्ति का पतन क्यों हुआ ?
उत्तर
-- लेखक ने भारत कि शक्ति उसके प्राचीन व नवीन में सामन्जस्य स्थापित करने की इच्छा को माना है , जिस कारण वह
पुराने को बनाए रखने के साथ-साथ नए विचारों को ग्रहण कर सका | तकनीकी दौड़ में पीछे
होने के कारण भारत की शक्ति का पतन हुआ | मानसिक जड़ता और शारीरिक शिथिलता के कारण
ही यह पतन हुआ था |
प्रश्न
: 7 ‘भारत की तलाश’ में लेखक ने क्या प्राप्त किया ?
उत्तर
-- ‘भारत की तलाश’ में लेखक उन
भारतवासियों को तलाश कर रहा था जो भारत के आज़ादी के संघर्ष में नेतृत्व कर सकें |
उन्होने पाया कि मध्य वर्ग के लोग चुनौती देने सक्षम नहीं है | यह साहस ग्रामीण जनता में है
क्योंकि उनमें एक प्रकार कि दृढ़ता और आंतरिक शक्ति है जो अङ्ग्रेज़ी सरकार को
चुनौती दे सकती है |
प्रश्न:
8 लेखक के अनुसार भारत माता का स्वरूप
कैसा है ?
उत्तर
-- लेखक के अनुसार भारत माता सम्पूर्ण भारत की मिट्टी, पहाड़, नदियाँ, जंगल, खेत और
भारत की जनता है | भारत माता के स्वरूप में यहाँ रहने वाले सभी लोग आ जाते हैं |
प्रश्न
: 9 भारत की विविधता में एकता कैसे है ?
उत्तर
– भारत की विविधता यहाँ के उत्तर- पश्चिम, पूरब-दक्षिण में रहने वाले लोगों के रहन-सहन, खान-पान, भाषा
आदि के रूप में स्पष्ट दिखाई देती है | भौगोलिक दृष्टि से भी इस देश में कहीं
गर्मी , कहीं सर्दी, कहीं पहाड़ , कहीं मैदान,और कहीं रेगिस्तान है | परंतु
सांस्कृतिक एवं सभ्यता के कारण सभी एकता के सूत्र में बंधे हुए हैं |
प्रश्न
: 10 भारत की जन संस्कृति की झलक कहाँ
मिलती है ?
उत्तर
– भारत की जन – संस्कृति की झलक यहाँ के
प्राचीन महाकाव्य रामायण, महाभारत आदि में मिलती है | इनके अनुवाद अनेक भाषाओं में
हुए है और उन्हें परंपरा के लोक मंच पर प्रस्तुत किया जाता है | अनपढ़ व्यक्ति भी
इनका रसास्वादन करते है | जन – जन में
सांस्कृतिक विरासत सुरक्षित है |
No comments:
Post a Comment